देश के अशान्‍त क्षेत्रों में शान्‍ति और विकास के संवर्धन में युवाओं की भूमिका

Role of youth in promoting peace and development in the disturbed areas of the country
Last Date Nov 01,2015 00:00 AM IST (GMT +5.30 Hrs)
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देश के अशान्‍त क्षेत्रों में शान्‍ति और विकास के संवर्धन में युवाओं की भूमिका

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CH KARTHIKA VIMAL 4 साल 1 महीना पहले

My view is that youth should be alert regarding instances of violence or communal tensions in disturbed areas of the country.They should be proactive through making SHORT FILMS,PLAYS on NATIONAL INTEGRATION and spend their weekends in conducting awareness drives to promote national unity.

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Alok deora 4 साल 3 महीने पहले

Several Campa Cola like cases waiting to be bought in light. This is the plight of every other project in the the country's financial capital of Mumbai. Builders completing the projects with several issues in the designs and not applying for the Occupany Certificates in the BMC and harassing the occupants to illegally take possession of properties without any OC. Moreover they are not even scared of legal actions as they know its too costly and time consuming for a common man to follow up on it.

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Saji Namboothiri 4 साल 3 महीने पहले

(Section: Defense) India should sent anti-ISIS suicidal commandos who will disguise themselves like a jihadi and join ISIS, and after reaching their training centers in Syria, will do mass-killing of ISIS activists in their camps sacrificing his life. Very high compensation should be provided for his family. No doubt, one commando will be able to kill dozens of ISIS terrorists when he gets a good chance. This system will also help to discourage the recruitment of ISIS from India.

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Tirumala Vedavathi Cheekaramelli 4 साल 3 महीने पहले

1. Inculcating the feeling of Unity in Diversity from younger age.
2.Being tolerant and patient towards every other national.
3.Being decisive enough and coming up with innovative ideas in promoting peace and harmony theryby contributing to the development of the nation.
4.They should educate themselves with the ground situations and should educate the others in the disturbed areas to overcome the situations with the ideas of non-violence and peace.
5.they should bring reforms in bureaucracy

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Vinay Chauhan_2 4 साल 3 महीने पहले

पर आरक्षण मिलना चाहिए या आर्थिक रूप से जूझ रहे स्तर के आधार पर ।
मैं देश के सभी लोगो से अपील करता हु की आरक्षण मिलाना चाहिए लेकिन किसी जति धर्म या समुदाय के आधार पर नही बल्कि गरीबी रेखा से नीचे आने वाले लोगो के आधार पर फिर चाहे वो किसी भी समुदाय या जाति या धर्म का हो।
यदि वह व्यक्ति गरीबी रेखा से नीचे आता है तो उसे आरक्षण का लाभ मिलना चाहिए फिर चाहे वो किसी भी समुदाय या जाति या धर्म का हो और सबसे महत्वपूर्ण बात आरक्षण की एक समय सीमा तय होनी चाहिये ।

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Vinay Chauhan_2 4 साल 3 महीने पहले

3- देश में आरक्षण के नाम पर मिडिया में एक बहश छिड़ जायेगी की इस तरह पटेल समुदाय के गरीबी रेखा से नीचे के लोगो को आरक्षण मिलना चाहिए या नही
4-विशेष और अहम बात पटेल समुदाय आपस में बट जायेगा
5-देश की मिडिया में और देश की राजनीतिक पंडितो को भी एक नया विषय मिल जायेगा कि देश के सभी वर्गों को जाति के आधार

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Vinay Chauhan_2 4 साल 3 महीने पहले

सर मैं अपने देश के प्रधानमन्त्री जी और गुजरात की मुख्यमंत्री जी से ये कहता हु की संकट की इस घडी में सरकार को पटेल समुदाय को अब आरक्षण देना तो चाहिए पर पटेल समुदाय में जो गरीबी रेखा से नीचे है सिर्फ उनको और एक तय समय सीमा तक ऐसी घडी में हमारी सरकार को यही करना चाहिए क्यू की इससे एक ही बार में कई बातो को हल किया जा सकता है
1- हार्दिक का छुपा हुआ रूप बहार आ जायेगा
2- पटेल समुदाय को एक आश्वाशन मिल जायेगा ताकि वो हिंसा का रास्ता छोड़ सके ।